कोलकाता । भारत के तमाम बंदरगाहों पर 21 हजार से भी अधिक बड़े स्क्रीन के टेलीविजन फंसे पड़े हैं। ये टीवी सैमसंग,एलजी, सोनी और टीसीएल जैसे बड़े-बड़े टीवी निर्माताओं के हैं।इसकी जानकारी तीन इंडस्ट्री के आला अधिकारी ने दी है। इसकी वजह ये है कि अभी इन कंपनियों के पास इंपोर्ट लाइसेंस नहीं है और नई व्यवस्था में इंपोर्ट लाइसेंसिंग जरूरी है। इसका सैमसंग इंडिया के बाजार पर काफी असर पड़ सकता है क्योंकि यह फिलहाल करीब 35 टीवी सेट इंपोर्ट कर भारत में बेचता है। बता दें कि मोदी सरकार ने टीवी सेट के इंपोर्ट पर 30 जुलाई से नए नियम लागू किए हैं, ताकि देश में होने वाली मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा मिले। ऐसा कोई कदम पिछले 20 सालों में पहली बार उठाया गया है। कंपनियों को टीवी सेट आयात करने के लिए इंपोर्ट लाइसेंस लेना होगा। सैमसंग, सोनी और टीसीएल जैसी टीवी कंपनियों ने लाइसेंस के लिए आवेदन कर दिया है, लेकिन इंडस्ट्री के एग्जिक्युटिव्स का कहना है कि इस बात को लेकर कुछ भी स्पष्ट नहीं है कि आखिर उन्हें लाइसेंस कब तक मिलेगा।
देशभर में बिकने वाले करीब 35 फीसदी टीवी आयात किए जाते हैं। इसी बीच सरकार की ओर नियम बदले जाने ने त्यौहारी सीजन की तैयारी कर रही कंपनियों को निराश कर दिया है। रिटेलर्स के पास पहले ही स्टॉक खत्म हो रहा है। सोनी इंडिया टेलीविजन के बिजनेस प्रमुख कहते हैं कि उनकी लाइसेंस एप्लिकेशन प्रोसेस हो चुकी है। उन्होंने पोर्ट पर अटकने की बात पर तो कोई कमेंट नहीं किया, लेकिन ये जरूर कहा कि सोनी के 99 फीसदी टीवी भारत में ही बनते हैं, इसलिए वह फेस्टिव सीजन के लिए पूरी तरह तैयार हैं।