नई दिल्ली । पहलवान बजरंग पूनिया ने कहा है कि विश्व कुश्ती चैम्पियनशिप के सेमीफाइनल में मिली हार को वह कभी नहीं भूल सकते। यहां तक कि ओलंपिक पदक जीतने पर भी। विश्व चैम्पियनशिप में बजरंग स्थानीय पहलवान दौलत नियाजबेकोव से सेमीफाइनल मुकाबला विवादास्पद परिस्थितियों में हार गये थे। दोनों पहलवान नौ-नौ की बराबरी पर थे जिसके बाद नियाजबेकोव को फाइनल खेलने का अवसर मिला और इसमें भारतीय खिलाड़ी को कांस्य पदक का मुकाबला खेलना पड़ा। बजरंग ने कहा, ‘‘ जब आप गलत फैसले के कारण हारते है तो यह आपके लिए निराशाजनक बात होती है क्योंकि कोई बेइमानी से जीत रहा होता है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ हालांकि मुझे इस हार को भूल कर आगे बढ़ना होगा। मुझे भविष्य के टूर्नामेंटों में इसे भूलकर उतरना होगा लेकिन यह मुश्किल होगा।’’ बजरंग ने कहा , ‘‘ विश्व चैम्पियनशिप और ओलंपिक दो अलग-अलग खेल है और ओलंपिक में पदक जीतकर भी मैं इसे नहीं भुला पाऊंगा।’’ वहीं रजत पदक जीतने वाले  दीपक पूनिया ने कहा कि उन्हें चोट से उबरने में 18-20 दिन का समय लगेगा। एक महीने के अंदर जूनियर और सीनियर विश्व चैम्पियनशिप जीतने वाल इस खिलाड़ी ने कहा, ‘‘ अब मुझे अपनी तकनीक पर काम करना होगा। मेरे पास अनुभव की कमी थी क्योंकि यह मेरी पहला विश्व चैम्पियनशिप थी। अब मेरा आत्मविश्वास बढेगा जो बेहतर प्रदर्शन में मदद करेगा।’’