लखनऊ: उत्तर प्रदेश में विधान सभा चुनाव 2022 (UP Assembly Elections 2022) जैसे-जैसे नजदीक आता जा रहा है वैसे-वैसे राजनीतिक पार्टियों के बीच नोंक-झोंक और बयानबाजी तेज होती जा रहा है. खासकर समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) और बीजेपी (BJP) जबरदस्त तरीके से एक-दूसरे पर हमला कर रही हैं. माना जा रहा है कि आगामी विधान सभा चुनाव में नंबर 1 और 2 की लड़ाई इन्हीं दोनों पार्टियों के बीच होगी. इस बीच उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के उप-मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य (Keshav Prasad Maurya) ने एक ऐसा बयान दिया है जिसको लेकर हंगामा होना तय है.

केशव प्रसाद मौर्य ने अखिलेश यादव पर क्या कहा?
यूपी के डिप्टी सीएम (UP Deputy CM) केशव प्रसाद मौर्य (Keshav Prasad Maurya) ने अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) पर तंज किया है. उन्होंने कहा कि अब मैं उन्हें अखिलेश यादव नहीं बल्कि अखिलेश अली जिन्ना कहता हूं. केशव प्रसाद ने आगे कहा कि अखिलेश पिछड़ों के नाम पर राजनीति करने की कोशिश कर रहे हैं जोकि मौकापरस्ती है.

अखिलेश यादव के इस बयान का हुआ था विरोध
बता दें कि समाजवादी पार्टी (SP) के अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने चुनाव प्रचार के दौरान एक रैली में कहा था कि देश की आजादी में मोहम्मद अली जिन्ना (Muhammad Ali Jinnah) की भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू, राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और लौहपुरुष सरदार पटेल की तरह ही अहम भूमिका थी. मोहम्मद अली जिन्ना स्वंतत्रता सेनानी थे. जिसके बाद उन्हें काफी विरोध का सामना करना पड़ा था.

चर्चा में है यूपी के डिप्टी सीएम का ये बयान
गौरतलब है कि केशव प्रसाद मौर्य के कई हालिया बयान चर्चा में हैं. हाल ही में उन्होंने कहा था कि रामलला की जन्मभूमि अयोध्या हमारी हो चुकी है. वहां राम मंदिर का निर्माण शुरू होने से श्रद्धालु बहुत खुश हैं. बाबा विश्वनाथ की काशी में भी कॉरिडोर तैयार हो चुका है, अब मथुरा में भगवान कृष्ण की जन्मभूमि की बारी है. उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के इस बयान पर कुछ राजनीतिक पंडितों का मानना है कि बीजेपी यूपी विधान सभा चुनाव 2022 में कृष्ण जन्मभूमि को मुद्दा बना सकती है.