रीवा। मोबाइल लुटेरों की गैंग का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। दो बदमाशों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है जिनके कब्जे से लूट में प्रयुक्त बाइक बरामद हुई है।

मोबाइल बेचने का कर रहे थे प्रयास 

समान थाना अन्तर्गत न्यू बस स्टैण्ड में रविवार को दो युवक महंगे मोबाइल सस्ते दामों में बिक्री का प्रयास कर रहे थे। इसकी सूचना स्थानीय लोगों से मिलने पर पुलिस ने उनको धर लिया। पहले तो वे गुमराह करते रहे लेकिन बाद में एक बड़े मोबाइल लुटेरों की गैंग का पर्दाफाश हो गया। बदमाशों ने लूट की दो घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है जिनके कब्जे से लूटे गए मोबाइल भी बरामद हो गए है। पकड़े आरोपियों में मो. साहिल खान पिता मो. अजीबुद्दीन मंसूरी निवासी बसेड़ा थाना मनगवां हाल मुकाम पोखरी टोला, साहिद मंसूरी पिता मजीत मंसूरी निवासी पोखरी टोला शामिल है।

मामा-भांजा की गैंग

दोनों बदमाश रिश्ते में मामा-भांजे है और बाइक में तफरी कर मोबाइल लूट की घटनाओं को अंजाम देते थे। ये ज्यादातर महिलाओं को टारगेट करते थे। 7 मई को उन्होंने राधा पाण्डेय का मोबाइल पीटीएस चौराहा के पास छीना था। दूसरी घटना उन्होंने 16 फरवरी को की थी। उनकी अन्य घटनाओं में भी भूमिका की जांच पुलिस कर रही है। थाना प्रभारी शशि धुर्वे ने बताया कि उक्त बदमाश अपने महंगे शौख को पूरा करने के लिए मोबाइल लूट की घटनाओं को अंजाम देते थे। उन्होंने पूछताछ में जो जानकारियां दी है उसके आधार पर आगे जांच की जा रही है।

कई गिरोह कर रहे घटनाएँ 

शहर के भीतर मोबाइल लूट की घटनाओं को कई गिरोह अंजाम दे रहे है। इससे पूर्व सिविल लाइन पुलिस ने गिरोह का पर्दाफाश किया था। इसके बाद भी घटनाएं नहीं रुक रही है। पुलिस आशंका जताई जा रही है कि अभी कई अन्य गिरोह है जो इस तरह की घटनाएं कर रहे है। एक दिन पूर्व ही पीटीएस चौराहा में महिला से बदमाशों ने मोबाइल छीना लिया था। पुलिस दूसरे गिरोहों का भी पता लगा रही है।

न्यूज़ सोर्स : Good Morning Rewa