रीवा। संजय गांधी अस्पताल की दवा वितरण केंद्र में कर्मचारियों का अमानवीय चेहरा सामने आया हैं। ऑपरेशन कराने वाली महिला मरीज को दवाई के लिए खुद लाइन में लगने को बोला और जब महिला ने पर्ची देने के लिए हाथ अंदर किया तो उनका हाथ पकडकऱ मरोड़ दिया। घटना से लाइन में लगे अटेंडरों ने तोडफ़ोड़ कर दी जिससे घंटों हंगामा मचा रहा।
संजय गांधी अस्पताल की दवा वितरण केंद्र की घटना है। इंदिरा नगर में रहने वाली महिला रेनू तिवारी का संजय गांधी अस्पताल में ऑपरेशन हुआ था। ऑपरेशन के बाद महिला की मंगलवार को छुट्टी हुई जिस पर डॉक्टरों द्वारा लिखी गई पर्ची लेकर महिला दवाई लेने गई थी। ऑपरेशन के कारण वह लाइन पर नहीं लग पा रही थी जिस पर महिला ने अपने घर के सदस्य को खड़ा कर दिया था। इस बात पर दवा वितरण कर रहे कर्मचारी ने आपत्ति की और महिला को लाइन में खड़े होने के लिए बोला। महिला ने अपनी असमर्थता जताई तो कर्मचारी ने दवा देने से मना कर दिया। इस बात को लेकर उनके बीच विवाद हो गया।
महिला ने दवा की पर्ची पकडकऱ जैसे ही हाथ अंदर किया तो कर्मचारी ने महिला का हाथ मरोड़ दिया। घटना देखकर लाइन में लगे दूसरे अटेंडर भडक़ गए और और उन्होंने खिडक़ी में लगा कांच को तोड़ दिया। घटना से अफरा-तफरी का माहौल निर्मित हो गया। इस दौरान एसजीएमएच चौकी का स्टॉप पहुंच गया जिसने विवाद को शांत करवा कर दोनों पक्षों को सिविल लाइन थाने भेज दिया। थाने में उन्होंने शिकायत दर्ज कराई है जिस पर पुलिस ने मेडिकल परीक्षण के लिए अस्पताल भिजवा दिया। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
संजय गांधी अस्पताल के दवा वितरण केंद्र में मरीजों व अटेंडर में दवाई लेने में पसीने छूट जाते हैं। हालत यह है कि आये दिन यहां मरीजों और कर्मचारियों का विवाद होता है। इसके बाद भी अधिकारी अस्पताल की व्यवस्था को सुधारने में गंभीर नजर नहीं आ रहे है।
 

न्यूज़ सोर्स : Good Morning Rewa