रीवा। जिले में प्वाइंट ऑफ सेल(पीओएस) मशीन में हितग्राहियों का अंगूठा मैच नहीं करने और सेल्समैनों की मनमानी के कारण हर माह 20 फीसदी गरीबों के हिस्से के राशन की कालाबाजारी हो रही है। उचित मूल्य दुकानों के सेल्समैनों की मनमानी इस कदर है कि हर माह मृतकों के नाम पर राशन जारी कर रहे हैं। इसका खुलासा जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक कार्यालय में पहुंचीं शिकायतों में हुआ। ग्रामीणों की ओर से कार्यालय की लिस्ट और मौके पर वितरण की स्थित का मिलान कर नियंत्रक को रिपोर्ट सौंपा है।

नहीं दिया जा रहा हर माह राशन 

कलेक्ट्रेट कार्यालय में स्थित खाद्य शाखा में जवा तहसील क्षेत्र के नीवा ग्राम पंचायत के दर्जनों की संख्या में ग्रामीणों ने जिला नियंत्रक राजेन्द्र सिंह ठाकुर को आवेदन देकर बताया कि गांव में राशन दुकान पर गरीबों को हर माह राशन नहीं दिया जा रहा है। समूह का सेल्समैन गांव के जिंदा लोगों को यह कहकर खाद्यान्न नहीं दे रहा है कि पीओएस मशीन में अंगूठा मैच नहीं कर रहा है। लेकिन, सेल्समैन के द्वारा बांटे गए लाभार्थियों की लिस्ट में गांव के मृतकों के नाम पर जून माह में राशन जारी कर दिया है।

मृतक रवि बसोर के नाम 35 किलो राशन जारी

शासन की ओर से हर माह नीवा गांव में 400 से अधिक गरीबों को राशन आवंटित किया जा रहा है। वितरण की लिस्ट में गांव के मृतक रवि बसोर के नाम पर जून माह में 35 किलो राशन जारी किया गया है। इससे पहले ग्रामीण जिला नियंत्रक कार्यालय से गांव में राशन पाने वाले परिवारों के नाम की लिस्ट ले गए। गांव में लिस्ट के अनुसार मिलान कराया तो सैकड़ो ग्रामीणों को बगैर राशन दिए लिस्ट में राशन दिया गया दर्ज कर दिया गया है। ग्रामीणों ने नियंत्रक को पांच सूत्रीय ज्ञापन देकर जांच कराए जाने की मांग उठाई है।

जिला नियंत्रक ने गठित की जांच टीम 

जवा तहसील के नीवा गांव के ग्रामीणों की ओर से की गई शिकायत पर जिला खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति नियंत्रक राजेन्द्र सिंह ठाकुर ने जिला सहायक आपूर्ति नियंत्रक अम्बोज श्रीवास्तव की अगुवाई में तीन सदस्यीय जांच टीम गठित कर रिपोर्ट तलब की है। ग्रामीणों ने जांच टीम में संबंधित क्षेत्र के कनिष्ठ आपूर्ति नियंत्रक को शामिल नहीं करने की मांग उठाई है।

पात्रता पर्ची होने के बावजूद नहीं मिल रहा राशन

जिले में हर माह करीब बीस फीसदी गरीबों के राशन वितरण में मनमानी की जा रही है। जिले में कुल 3.82 लाख से अधिक परिवारों को राशन वितरण किया जाता है। जिसमें करीब बीस फीसदी गरीबों के हिस्से के खाद्यान्न में गड़बड़ी की जा रही है। नियंत्रक के पास पहुंचीं शिकायतों में इस बात का खुलासा हुआ है। नीवा ग्राम पंचायत सहित सैकड़ो गांव के ग्रामीणों ने शिकायत कर पात्रता पर्ची होने के बावजूद राशन नहीं दिए जाने की शिकायत की है। जिले में 912 राशन की दुकानों पर महज 325 सेल्समैन काम कर रहे हैं।

आए दिन खराब रहती हैं मशीनें

जिले में राशन दुकानों पर उयोग की जा रहीं प्वाइंट ऑफ सेल पीओएस मशीनों कबाड़ हो गई हैं। जिससे राशन दुकान पर पहुंचने वाले ज्यादातर गरीबों का अंगूठा मैच नहीं कर रहा है। राशन दुकानों से लेकर जिला मुख्यालय पर इंजीनियरों के पास मशीनें लेकर सेल्समैन चक्कर लगा रहे हैं। कई सेल्समैनों ने बताया कि मशीनें आए दिन खराब हो जाती हैं। इसके अलावा नेटवर्क की दिक्कत होती है।

ग्रामीणों की शिकायत पर जांच कमेटी गठित की है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ बता पाएंगे। हां यह बात जरूर है कि कुछ लोगों का अंगूठा मशीन में मैच नहीं हो रहा है। ऐसे लोगों को मेन्युअल राशन दिया जा रहा है। शतप्रतिशत आधार से राशन वितरण की व्यवस्था जल्द चालू की जाएगी।
-राजेन्द्र सिंह ठाकुर
जिला खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति नियंत्रक 

न्यूज़ सोर्स : Good Morning Rewa